West Bengal Election Result 2026: बंगाल चुनाव में BJP की बंपर जीत, शुभेंदु अधिकारी नंदीग्राम में इतने वोट से जीते

West Bengal Election Result 2026 : पश्चिम बंगाल की 293 विधानसभा सीटों पर मतगणना जारी है। अधिकतर सीटों के नतीजे आ चुके हैं और बीजेपी लगभग 200 सीटें जीतती नजर आ रही है।। बीजेपी ने बहुमत का 148 वाला जादुई आंकड़ा पार कर लिया है। वहीं, टीएमसी 100 सीटें भी नहीं जीत पाई है, जबकि ममता बनर्जी ने लगातार 200 से ज्यादा सीटें जीतने का दावा किया था। पश्चिम बंगाल में दो चरणों में चुनाव कराए गए। पहले चरण का मतदान 23 अप्रैल को जबकि दूसरे चरण का मतदान 29 अप्रैल को संपन्न हुआ। वहीं मतदान संपन्न होने के बाद आज मतों की गणना हो रही है। ममता बनर्जी के लिए सत्ता बचाना बड़ी चुनौती थी और वह इसे पार करने में विफल रही हैं।
क्यों 293 सीटों पर ही हो रही मतगणना?
पश्चिम बंगाल में 294 की जगह 293 सीटों पर ही मतगणना हो रही है। बीते दिनों पश्चिम बंगाल की फलता सीट पर गड़बड़ी की सूचना मिल रही थी। इस बीच शनिवार को स्थानीय लोग सड़कों पर उतर गए और टीएमसी के वर्कर्स की हकीकत कैमरे के सामने बयां की। आखिरकार चुनाव आयोग ने दक्षिण 24 परगना जिले की फलता विधानसभा सीट पर वोटिंग के दौरान भारी गड़बड़ी को लेकर बड़ा निर्णय लिया और यहां 29 अप्रैल को हुई वोटिंग को रद्द करते हुए इस सीट पर री-पोलिंग का आदेश दे दिया। अब इस सीट पर 21 मई को मतदान होगा और 24 मई को इस सीट के नतीजे घोषित किए जाएंगे।
15 बूथों पर हुआ पुनर्मतदान
वहीं पश्चिम बंगाल के दक्षिण 24 परगना जिले की दो विधानसभा सीटों के 15 बूथों पर शनिवार को पुनर्मतदान भी कराया गया। मतदान सुबह 7 बजे शुरू हुआ और शाम 6 बजे तक चला। चुनावी धांधली की जानकारी मिलने पर निर्वाचन आयोग ने शुक्रवार को इस सीट पर पुनर्मतदान का आदेश दिया था। निर्वाचन आयोग के एक अधिकारी ने बताया कि पुनर्मतदान का आदेश दोनों विधानसभा क्षेत्रों के निर्वाचन अधिकारियों और पर्यवेक्षकों से प्राप्त रिपोर्ट के आधार पर दिया गया था।
सरकारी अधिकारियों को फाइलें सुरक्षित रखने का आदेश
West Bengal Election Result 2026पश्चिम बंगाल में बीजेपी को प्रचंड बहुमत मिलने के बाद सरकारी अधिकारियों को फाइलें सुरक्षित रखने का आदेश दिया गया है। चीफ सेक्रेटरी की तरफ से जारी किए गए आदेश में कहा गया है कि कोई भी जरूरी कागज या फाइल ऑफिस से हटाई/खराब न की जाए या किसी और तरह से बाहर न ले जाई जाए। बिना इजाजत के कॉपी/स्कैनिंग की नहीं होगी। इसके अलावा, सभी फाइलों/जरूरी कागजों/कम्युनिकेशन का ठीक से हिसाब रखा जाएगा। हेड ऑफ डिपार्टमेंट और डिपार्टमेंटल सेक्रेटरी खुद पक्का करेंगे कि इसका पूरी तरह से पालन हो। किसी भी तरह की गड़बड़ी के लिए पर्सनल जिम्मेदारी तय की जाएगी।



