पेट्रोल 5 रुपए सस्ता राज्य सरकार ने वैट में कटौती की डीजल भी 3 रुपए कम हुआ

महाराष्ट्र सरकार ने आम आदमी को महंगाई से राहत देते हुए पेट्रोल 5 रुपए और डीजल 3 रुपए प्रति लीटर सस्ता किया है। राज्य सरकार ने आज हुई कैबिनेट बैठक में पेट्रोल और डीजल पर वैट घटाया है। अभी मुंबई में पेट्रोल 111.35 रुपए और डीजल 97.28 रुपए लीटर बिक रहा है। इस कटौती के बाद पेट्रोल 106.35 रुपए और डीजल 97.28 रुपए लीटर मिलेगा।
इससे पहले मई में भी महाराष्ट्र सरकार ने पेट्रोल पर लगने वाले वैट में 2.08 रुपए प्रति लीटर और डीजल पर लगने वाले शुल्क में 1.44 रुपए प्रति लीटर की कटौती की थी।
महाराष्ट्र सरकार वैट से कमाई के मामले में सबसे आगे
वैट से कमाई के मामले में महाराष्ट्र सबसे आगे है। 2021-22 में वैट के जरिए राज्य सरकार को 34,002 करोड़ रुपए कर कमाई हुई। इसके बाद उत्तर प्रदेश का नंबर आता है उसने 26,333 करोड़ रुपए की कमाई की।
बीते 7 सालों में पेट्रोलियम प्रोडक्ट पर वैट से महाराष्ट्र सरकार की कमाई
| साल | कमाई (रुपए करोड़ में) |
| 2014-15 | 19,795 |
| 2015-16 | 19,417 |
| 2016-17 | 23,160 |
| 2017-18 | 25,256 |
| 2019-20 | 27,191 |
| 2020-21 | 25,430 |
| 2021-22 | 35,002 |
देश के प्रमुख शहरों में पेट्रोल-डीजल के दाम
| शहर | पेट्रोल (रुपए/लीटर) | डीजल (रुपए/लीटर) |
| दिल्ली | 96.72 | 89.62 |
| मुंबई | 111.35 | 97.28 |
| पटना | 107.24 | 94.04 |
| भोपाल | 108.65 | 93.90 |
| जयपुर | 108.48 | 93.72 |
| चंडीगढ | 96.20 | 84.26 |
| रायपुर | 102.45 | 95.44 |
| तिरुवनन्तपुरम | 107.71 | 96.52 |
मणिपुर में वैट सबसे ज्यादा, लक्षद्वीप में वैट नहीं
वैट वसूलने के मामले में मणिपुर सबसे आगे हो गया है। यहां पेट्रोल पर 36.50% और डीजल पर 22.50% टैक्स वसूला जा रहा है। बड़े राज्यों में तमिलनाडु में वैट कम है। यहां पेट्रोल पर 15% और डीजल पर 11% टैक्स वसूला जाता है। लेकिन पेंच यह है कि यहां वैट के साथ पेट्रोल पर 13.02 रुपए और डीजल पर 9.62 रुपए प्रति लीटर सेस (उपकर) भी वसूला जाता है। ज्यादातर राज्य सेस वसूल रहे हैं। लक्षद्वीप एक मात्र ऐसा राज्य है जहां वैट नहीं लिया जाता है।
राजस्थान में पेट्रोल पर 36% और मध्य प्रदेश में 33% वैट
| राज्य | पेट्रोल (%) | डीजल (%) |
| राजस्थान | 36.00 | 26.00 |
| मध्य प्रदेश | 33.00 | 23.00 |
| दिल्ली | 30.00 | 16.75 |
| बिहार | 26.00 | 19.00 |
| हरियाणा | 25.00 | 16.40 |
| छत्तीसगढ़ | 25.00 | 25.00 |
| हिमाचल प्रदेश | 25.00 | 14.00 |
| पंजाब | 24.79 | 15.94 |
| चंडीगढ़ | 22.45 | 14.00 |
कैसे तय होती हैं पेट्रोल-डीजल की कीमतें?
जून 2010 तक सरकार पेट्रोल की कीमत निर्धारित करती थी और हर 15 दिन में इसे बदला जाता था। 26 जून 2010 के बाद सरकार ने पेट्रोल की कीमतों का निर्धारण ऑयल कंपनियों के ऊपर छोड़ दिया। इसी तरह अक्टूबर 2014 तक डीजल की कीमत भी सरकार निर्धारित करती थी, लेकिन 19 अक्टूबर 2014 से सरकार ने ये काम भी ऑयल कंपनियों को सौंप दिया।
अभी ऑयल कंपनियां अंतरराष्ट्रीय मार्केट में कच्चे तेल की कीमत, एक्सचेंज रेट, टैक्स, पेट्रोल-डीजल के ट्रांसपोर्टेशन का खर्च और बाकी कई चीजों को ध्यान में रखते हुए रोजाना पेट्रोल-डीजल की कीमत निर्धारित करती हैं।


