बढ़ा कोरोना का खतरा,ICU में हर दिन भर्ती हो रहे 100 से अधिक मरीज

पेरिस. कोरोना वायरस (Coronavirus) के नए वेरिएंट ओमिक्रॉन (Omicron) ने दुनियाभर के देशों की चिंता बढ़ा दी है. कोरोना के नए वेरिएंट में 50 स्पाइक म्यूटेशन (Spike Mutations) होने से यह बेहद घातक बताया जा रहा है. फ्रांस (France) में भी साफ दिखाई दे रहा है. फ्रांस के स्वास्थ्य मंत्रालय के आंकड़ों के मुताबिक कोरोना के नए मामलों के कारण अस्पतालों में कोरोना संक्रमित मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है. आंकड़ों के मुताबिक मार्च-अप्रैल के बाद गंभीर रूप से संक्रमित मरीजों की संख्या 117 से बढ़कर अब 1749 हो गई है. कोरोना संक्रमण की चपेट में आने के बाद आईसीयू में भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या हर दिन 100 से अधिक बताई जा रही है.
फ्रांस के अस्पतालों में की संख्या 470 से बढ़कर 9,860 हो गई है जो 29 मार्च के बाद एक दिन की सबसे बड़ी उछाल है. एक सप्ताह पहले की तुलना में, COVID-19 रोगियों की संख्या में 18% से अधिक का उछाल देखने को मिला है. फ्रांस के स्वास्थ्य मंत्री ओलिवियर वेरन ने कुछ दिन पहले ही कहा था कि फ्रांस कोरोनोवायरस महामारी की पांचवीं लहर की शुरुआत में है. स्वास्थ्य मंत्री वेरन ने कहा था, कई पड़ोसी देश पहले से ही कोविड-19 महामारी की पांचवीं लहर में हैं, जो हम फ्रांस में अनुभव कर रहे हैं. यह स्पष्ट रूप से कोरोना की पांचवीं लहर की शुरुआत की तरह दिखता है.
विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने सोमवार को चेतावनी देते हुए कहा कि नया कोविड-19 वेरिएंट ‘ओमिक्रॉन’ का खतरा वैश्विक स्तर पर बहुत अधिक है. इसके साथ ही उन्होंने इस बात पर भी जोर दिया कि नया वेरिएंट कितना संक्रामक और खतरनाक है, इस बारे में अनिश्चितता बनी हुई है. डब्ल्यूएचओ ने एक तकनीकी नोट में कहा, अगर ओमिक्रॉन की वजह से कोविड-19 की एक और लहर सामने आती है, तो नतीजे गंभीर हो सकते हैं. उन्होंने यह भी कहा कि हालांकि, ‘अब तक, ओमिक्रॉन वेरिएंट से जुड़ी कोई
पहली बार 24 नवंबर को दक्षिण अफ्रीका में हुई नए वेरिएंट की पहचान
वैज्ञानिकों का कहना है कि ‘ओमिक्रॉन’ वेरिएंट कई बार उत्परिवर्तन (Mutations) का नतीजा है. कोविड के अधिक संक्रामक स्वरूप बी.1.1.1.529 के बारे में पहली बार 24 नवंबर को दक्षिण अफ्रीका की ओर से विश्व स्वास्थ्य संगठन को सूचित किया गया था. इसके बाद बोत्सवाना, बेल्जियम, हांगकांग, इजरायल, ब्रिटेन, ऑस्ट्रेलिया, डेनमार्क और नीदरलैंड में भी इसकी पहचान की गई है.
‘ओमिक्रॉन’ कोरोना वायरस के क्या हैं लक्षण
कोरोना के नए वेरिएंट ओमीक्रॉन को लेकर एएफपी से बातचीत में डॉक्टर एंजेलिक कोएत्जी ने बताया कि ओमीक्रॉन रोगियों में अत्यधिक थकान, मांसपेशियों में दर्द, गले में खराश और सूखी खांसी ज्यादा देखी जा रही है. वहीं उन्होंने बताया कि कुछ रोगियों में तापमान थोड़ा ज्यादा था.
मुंबई के 24 वार्डों में केवल चार वार्ड – एक फोर्ट, दूसरा बायकुला, तीसरा परेल और चौथा गोरेगांव वेस्ट में दोबारा संक्रमण का कोई भी मामला सामने नहीं आया है. हालांकि के-वेस्ट (अंधेरी वेस्ट) में कोरोना वायरस से ठीक हो चुके 40 मरीजों में दोबारा संक्रमण का मामला सामने आया है. ये मुंबई के किसी भी वार्ड में सबसे ज्यादा है. वहीं एम-वेस्ट (चेम्बूर) में दोबारा संक्रमण के 15 मामले सामने आए हैं. इसके मुलुंड वार्ड में 14 मरीज दोबारा संक्रमित हुए हैं.
SARS-CoV-2 Immunity and Reinfection Evaluation (SIREN) स्टडी में यह पाया गया कि पहले संक्रमण के बाद इम्युन रेस्पांस दोबारा वायरस संक्रमण की आशंका को 83 फीसदी तक कम कर देता है और यह कम से कम 5 महीने तक प्रभावी रहता है. हालांकि शोधकर्ताओं ने पाया कि जो लोग दोबारा संक्रमण के शिकार होते हैं, उनके गले और नाक में बहुत ज्यादा वायरस होते हैं, और ये लोग दूसरों में बड़ी तेजी से वायरस संक्रमण को फैला सकते हैं.



