स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही आई सामने, ऑपरेशन के बाद महिलाओं के साथ किया ये काम – RGH NEWS
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स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही आई सामने, ऑपरेशन के बाद महिलाओं के साथ किया ये काम

Sheopur News:  श्योपुर। जिले के कराहल श्योपुर में स्वास्थ्य केंद्र में स्वास्थ्य विभाग की लापरवाही सामने आई है। जहां नसबंदी के बाद महिलाओं को जगह भी नसीब नहीं हो रही है। भरी सर्दी में 120 महिलाओं के ऑपरेशन के बाद उन्हें जमीन पर लेटा दिया गया। इससे कई महिलाओं की जान जोखिम में आ गई थी। इधर लापरवाही उजागर होने के बाद जिला स्वास्थ्य अधिकारी नदारद मिलें। बीती रात को 87 महिलाओं के नसबंदी ऑपरेशन किए गए थे। लेकिन सभी महिलाओं को अस्पताल के परिसर और हॉल में ही लाइन से लेटा दिया गया। इस मामले का जब खुलासा हुआ तो डॉक्टरों में हड़कंप मच गया।

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कराहल स्वास्थ्य केंद्र में नसबंदी करवाने आई 120 महिलाओं को सुबह से लेकर शाम तक इंतजार करवाया गया था। शिविर नसबंदी के लिए पहले दिन 87 महिलाओं का ऑपरेशन हुआ था। डॉक्टर के आने के बाद शाम पांच बजे 87 महिलाओं के ऑपरेशन किए गए। बाकी महिलाओं का ऑपरेशन अगले दिन किया गया, लेकिन स्वास्थ्य की बड़ी लापरवाही उजागर हुई है। जब ऑपरेशन के बाद महिलाओं को जमीन पर ही लेटा दिया गया और फिर जब घर भी छुड़वाया तो सुविधा के लिए एंबुलेंस उपलब्ध नहीं कराए गए। जिस वजह से महिलाओं के परिजन लोडिंग वाहन तो कोई ट्रैक्टर की ट्रॉली में महिलाओं को लेटाकर घर ले गए। अब इस मामले में स्वास्थ्य विभाग के जिम्मेदार अधिकारी मीडिया के सामने आने में घबरा रहे हैं और अपने कार्य क्षेत्र से नदारत हैं।

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Sheopur News: स्वास्थ्य विभाग द्वारा नसबंदी शिविरों का आयोजन किया गया। घंटो देरी से आए डॉक्टरों की वजह से महिलाएं तो परेशान हुई ही उनके साथ आए बच्चे और परिजनों को भी परेशानी का सामना करना पड़ा। इस दौरान महिलाएं और उनके परिजन भूखे प्यासे रहे। बता दें कि यह कोई पहला मामला नहीं है। जब नसबंदी ऑपरेशन के बाद महिलाओं को फर्श पर लेटा दिया गया हो और फिर उनके घर छुड़वाने के लिए एंबुलेंस उपलब्ध नहीं करवाई हो। ऑपरेशन के बाद घर ले जाने के लिए परिजन लोडिंग वाहन या ट्रैक्टर ट्रॉली से महिलाओं को घर ले गए। स्वास्थ्य विभाग ऑपरेशन हुई महिलाओं को घर छोड़ने के लिए एंबुलेंस भी उपलब्ध नहीं कराया और एंबुलेंस वालों से परिजनों ने बात की तो एंबुलेंस वाले भी परिजनों से 1200- 1200 किराए की मांग करने लगे।

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