दिवाली पर जश्न के बीच गोपालगंज में 13 और बेतिया में 10 लोगों की जान गई,जहरीली शराब पीने से मरने वालों की संख्या 23 हुई, मंत्री ने कहा-

गोपालगंज. बिहार में शराबबंदी के बावजूद इस पर पूरी तरह रोक लगा पाने में राज्य सरकार का तंत्र फेल साबित हो रहा है. एक बार फिर जहरीली शराब पीने की वजह से 10 लोगों को अपनी जान गंवानी पड़ी है. घटना मोहम्मदपुर और कुशहर की है जहां जहरीली शराब कांड में 10 लोगों की मौत हो गई है जबकि एक पीड़ित का इलाज अभी भी पटना पीएमसीएच में चल रहा है. गुरुवार को जिनकी मौत हुई है उनमें सूरज राम और बलराम राम के नाम शामिल हैं. बता दें कि बुधवार की देर रात मृतकों की संख्या 5 से बढ़कर गुरुवार की सुबह में 8 हो गई. इसके बाद दोपहर तक दो और लोगों की मौत होने से यह आंकड़ा 10 तक पहुंच गया है.
जहरीली शराब कांड पर खान व भूतत्व मंत्री जनक राम ने बुधवार को मृतकों के परिजनों से मिलकर मदद का भरोसा दिया है. लेकिन, उन्होंने कहा है कि बिहार सरकार को बदनाम करने की साजिश हो रही है. वहीं, पूर्व विधायक व भाजपा प्रदेश उपाध्यक्ष मिथिलेश तिवारी ने कहा कि उपचुनाव में एनडीए की जीत के बाद ऐसा कुचक्र रचा गया है और सरकार को बदनाम किया जा रहा है. सरकार इसकी उच्च स्तरीय जांच करवाएगी.
बेतिया प्रशासन ने कहा- मामला संदिग्ध है
बेतिया की घटना में पीड़ितों के परिजन ने बताया कि बुधवार शाम इन लोगों ने गांव में देसी चुल्हाई शराब पी थी। देर रात तबीयत बिगड़ने पर अस्पताल में भर्ती करवाया। इनमें से 10 लोगों ने इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। घटना के बाद इलाके में हड़कंप मच गया। उधर, पुलिस का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत का कारण स्पष्ट हो पाएगा। DM कुंदन कुमार का कहना है कि मामला संदिग्ध लग रहा है। मेडिकल टीम भेजकर जांच करवाई जा रही है

