इत्र कारोबारी पीयूष जैन ने बताया कैसे 15 साल में बना अरबों का मालिक

लखनऊ: Piyush Jain Confesses कन्नौज के इत्र कारोबारी के घर पर जीएसटी इंटेलीजेंस की टीम की रेड के दौरान भारी मात्रा में अवैध संपत्ति बरामद की गई है। बताया जा रहा है कि यहां से अधिकारियों ने 257 करोड़ रुपए कैश, 125 किलो सोना सहित कई अवैध संपत्तियों के दस्तावेज जब्त किए हैं। इस पूरे मामले में अब खबर आ रही है कि इत्र कारोबारी पीयूष जैन ने कबूल कर लिया है कि उन्होंने यह संपत्ति कहां से और कैसे कमाई है।
डीजीजीआई से मिली जानकारी के अनुसार ओडोकेम इंडस्ट्रीज, कन्नौज द्वारा बड़े पैमाने पर जीएसटी की चोरी का संकेत देने वाले रिकॉर्ड पर उपलब्ध भारी सबूतों को देखते हुए पीयूष जैन ने स्वीकार किया है कि रिहायशी परिसर से बरामद नकदी बिना जीएसटी के माल की बिक्री से जुड़ी है।
जांच अफसरों को 500 चाबियां मिलीं लेकिन ताले 109 हैं। 257 करोड़ कैश, 125 किलो सोना और अरबों की संपत्ति के दस्तावेज मिले हैं। डीजीजीआई के छापे में अभी तक करीब 1000 करोड़ रुपये की संपत्ति का खुलासा हो चुका है। छापों में नकदी और गोल्ड के साथ बड़ी संख्या में प्रॉपर्टी के भी दस्तावेज मिलने शुरू हो गए हैं। अभी तक कानपुर में चार, कन्नौज में सात, मुंबई में दो, दिल्ली में एक और दुबई में दो प्रॉपर्टी सामने आई हैं। इनमें लगभग सभी संपत्तियां सर्वाधिक पॉश इलाकों में खरीदी गई हैं।
पीयूष के घरों की दीवारें सोना उगल रही हैं जबकि जमीन से कैश के बंडल निकल रहे हैं। छिपट्टी स्थित उनके तिलिस्मी मकान में रविवार शाम तक 125 किलो सोना मिल चुका था। इसे लैपटॉप बैग से कुछ बड़े बीस बैगों में सीज किया गया है। नौ बोरों में नकदी भरी मिली। 50 से ज्यादा झोलों में डीजीजीआई अफसरों ने 350 फाइलें और 2700 दस्तावेजों को भरा है। कैश पीयूष के बेडरूम में बेड के अंदर से बरामद किया गया है। कमरे में ही बेड के नीचे लॉकर भी मिले हैं।



