रायगढ़ न्यूज़ (समाचार)

Raigarh News: कैश कलेक्शन की सुरक्षा पर विशेष बैठक: पुलिस अधीक्षक ने सुरक्षा मानकों का सख्ती से पालन करने के दिए निर्देश

Raigarh News:  *17 जनवरी, रायगढ़* । जिले की शासकीय मदिरा दुकानों की शराब बिक्री से जुड़े कैश कलेक्शन और सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस अधीक्षक श्री दिव्यांग कुमार पटेल की अध्यक्षता में एक महत्वपूर्ण बैठक का आयोजन किया गया। बैठक पुलिस कंट्रोल रूम में जिला आबकारी विभाग, बैंक, सीएमएस कंपनी और सुरक्षा एजेंसी के प्रतिनिधियों की उपस्थिति में संपन्न हुई।
बैठक में पुलिस अधीक्षक ने कैश कलेक्शन का कार्य संभालने वाली सीएमएस कंपनी से रायगढ़ मुख्यालय के स्तर पर विस्तृत जानकारी ली। उन्होंने पाया कि कैश कलेक्शन में भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) की गाइडलाइंस और स्टैंडर्ड ऑपरेटिंग प्रोसीजर (एसओपी) का पालन नहीं किया जा रहा है। इस पर सख्त रुख अपनाते हुए कंपनी से जवाब तलब किया गया।
पुलिस अधीक्षक ने संबंधित अधिकारियों को आरबीआई के दिशानिर्देशों का सख्ती से पालन करने के निर्देश दिए। इनमें “मानक वाहन” का उपयोग, कैश का प्रतिदिन बैंक में जमा होना, सशस्त्र गार्ड, मदिरा दुकानों की सीसीटीवी से निगरानी, कर्मचारियों का पुलिस सत्यापन और सुरक्षा एजेंसियों के कर्मचारियों को आपातकालीन संपर्क नंबर मुहैया कराना शामिल है। उन्होंने स्पष्ट किया कि कैश कलेक्शन में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
बैठक में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक श्री आकाश मरकाम, सहायक आयुक्त आबकारी. श्री किस्टोफर खलखो, सहायक जिला आबकारी अधिकारी श्री विमल तिर्की, निरीक्षक प्रशांत राव, थाना प्रभारी चक्रधरनगर,आबकारी उप निरीक्षक रागिनी नायक, योगेन्द्र मेहर, जितेश नायक, संतोष कुमार नारंग, कुशल कुमार पटेल, असिस्टेंट मैनेजर, एसबीआई श्री अनिल कुमार मिंज, लोकेशन इंचार्ज सीएमएस श्री हरिराम, सुरक्षा गार्ड एजेंसी एलिट फाल्कन्स के श्री रविशंकर झरिया, सुरक्षा गार्ड एजेंसी इंगल हण्टर सालुशन के श्री महेश बरेठ, रायगढ़ फील्ड ऑफिसर, ईगल हंटर सालुशन श्री सन्दु कुमार सिंह, वाल्ट इंचार्ज श्री महेश खूंटे, कस्टुडियन सीएमएस-श्री सुनील निषाद, श्री तीज कुमार यादव, श्री डमरू साहू उपस्थित थे ।
Raigarh News:  पुलिस अधीक्षक ने बैठक के अंत में सुरक्षा से जुड़े सभी प्रोटोकॉल का पालन सुनिश्चित करने पर जोर दिया, जिससे शराब बिक्री के कैश कलेक्शन से जुड़े किसी भी प्रकार के जोखिम को रोका जा सके।

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