Chhatisgarh Samachar: सीएम हेल्पलाइन में दर्ज राजस्व प्रकरणों का समयबद्ध और गुणवत्तापूर्ण निराकरण सुनिश्चित करें: कलेक्टर

Chhatisgarh Samachar : मुंगेली, 28 जुलाई 2026
कलेक्टर श्री कुन्दन कुमार ने सोमवार को जिला कलेक्टोरेट स्थित एनआईसी कक्ष में राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग की समीक्षा बैठक लेकर मुख्यमंत्री हेल्पलाइन में दर्ज राजस्व प्रकरणों, एग्रीस्टेक पंजीयन, डिजिटल क्रॉप सर्वे, नक्शा बटांकन, सीमांकन एवं अन्य राजस्व कार्यों की प्रगति की विस्तृत समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्देशित किया कि शासन की प्राथमिकता वाले सभी कार्यों का समयबद्ध, गुणवत्तापूर्ण एवं पारदर्शी ढंग से निराकरण सुनिश्चित किया जाए। बैठक में कलेक्टर ने मुख्यमंत्री हेल्पलाइन 1076 में प्राप्त शिकायतों की समीक्षा करते हुए कहा कि प्रत्येक शिकायत का निर्धारित समय-सीमा के भीतर गुणवत्तापूर्ण निराकरण किया जाए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि शिकायतों का निराकरण केवल औपचारिकता न होकर ऐसा हो जिससे शिकायतकर्ता पूर्णतः संतुष्ट हो और शासन के प्रति नागरिकों का विश्वास मजबूत हो।
कलेक्टर ने एग्रीस्टेक पंजीयन अभियान में तेजी लाने के निर्देश देते हुए कहा कि जिले में शत-प्रतिशत किसान पंजीयन सुनिश्चित करने के लिए विशेष अभियान चलाया जाए। किसानों की सुविधा को देखते हुए अब राशन दुकानों एवं सहकारी समितियों में संचालित कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) के माध्यम से भी एग्रीस्टेक पंजीयन किया जाएगा। उन्होंने ग्राम स्तर पर मुनादी, जनप्रतिनिधियों के सहयोग एवं मैदानी अमले की सक्रिय भागीदारी से अधिक से अधिक किसानों को अभियान से जोड़ने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रत्येक अधिकारी एवं कर्मचारी को स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित कर जिम्मेदारी सौंपी जाए तथा उसकी नियमित समीक्षा की जाए। कलेक्टर ने निर्देश दिए कि डिजिटल क्रॉप सर्वे पूरी पारदर्शिता, गुणवत्ता और समयबद्धता के साथ पूर्ण किया जाए, ताकि किसानों को शासन की विभिन्न योजनाओं का लाभ बिना किसी कठिनाई के प्राप्त हो सके।
बैठक में नक्शा बंटांकन एवं सीमांकन के लंबित प्रकरणों की समीक्षा करते हुए कलेक्टर ने नाराजगी व्यक्त की और राजस्व अधिकारियों को विशेष कार्ययोजना बनाकर एक सप्ताह के भीतर सभी लंबित प्रकरणों का निराकरण सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट कहा कि समय-सीमा के बाहर कोई भी राजस्व प्रकरण लंबित नहीं रहना चाहिए। कलेक्टर ने विभागीय कार्यों में डिजिटल व्यवस्था को बढ़ावा देते हुए सभी कार्यालयों में ई-ऑफिस प्रणाली का अनिवार्य रूप से उपयोग करने तथा एक सप्ताह के भीतर सभी ऑफलाइन फाइलों को ई-ऑफिस में स्थानांतरित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इससे कार्यों में पारदर्शिता, गति और जवाबदेही सुनिश्चित होगी।
बैठक में ऑनलाइन अटेंडेंस, आई-गॉट पोर्टल तथा अन्य विभागीय योजनाओं की भी समीक्षा की गई। कलेक्टर ने अधिकारियों से कहा कि अपने दायित्वों का पूरी जिम्मेदारी के साथ निर्वहन करते हुए जिले को एग्रीस्टेक पंजीयन, डिजिटल राजस्व सेवाओं एवं समयबद्ध राजस्व प्रकरणों के निराकरण में प्रदेश के अग्रणी जिलों में शामिल करने के लिए समन्वित प्रयास करें। बैठक में अतिरिक्त कलेक्टर श्रीमती निष्ठा पाण्डेय तिवारी, अपर कलेक्टर श्री जी.एल. यादव, तीनों अनुविभागों के एसडीएम, तहसीलदार, नायब तहसीलदार सहित राजस्व एवं आपदा प्रबंधन विभाग के सभी संबंधित अधिकारी उपस्थित थे।


