जल संरक्षण को बढ़ावा देने ग्रामीणों को किया जा रहा है जागरूक
रायपुर, 10 जुलाई 2024
बलौदाबाजार कलेक्टर श्री दीपक सोनी के निर्देश में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा जल जीवन मिशन के तहत जल संरक्षण को बढ़ावा देने ग्रामीणों को जागरूक करने के उद्देश्य से लगातार जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया जा रहा है। जिसके तहत जल संरक्षण के लिए हाथ मिलाएं थीम जल जीवन मिशन के हितग्राहियों को प्रशिक्षित कर जल संरक्षण के महत्व के बारे में टीम द्वारा समझाया जा रहा है, जिसमें- जल की बर्बादी कम कैसे करें, कुशल उपयोग को बढ़ावा देना, जल- बचत पहलों का समर्थन करना शामिल है। कार्यक्रम के बारे में जानकारी देते हुए जिला प्रशासन ने बताया कि वर्तमान परिदृश्य में हम जलवायु परिवर्तन और जल की कमी की चुनौतियों का सामना कर रहे हैं, जल संरक्षण केवल एक आवश्यकता नहीं बल्कि एक सामूहिक जिम्मेदारी है। हमें आने वाली पीढ़ियों के लिए एक स्थायी भविष्य सुनिश्चित करने के लिए अभी से कार्य करना चाहिए।
लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कोऑर्डिनेटर श्री राजकुमार कोसले ने बताया आज ग्राम केशला (कौवाडीह) में प्रशिक्षण कार्यक्रम का आयोजन किया गया। प्रशिक्षण में अपने घरों के टॉयलेट में लीक की जांच करना अपने टॉयलेट टैंक में फ़ूड कलरिंग की कुछ बूँदें डालें। अगर, बिना फ्लश किए, रंग बाउल में दिखने लगे, तो आपके टॉयलेट में रिसाव है, जिससे एक दिन में कई गैलन पानी बर्बाद हो सकता है। फ्लश किए गए प्रत्येक सिगरेट बट या टिशू से कम से कम 1.6 गैलन पानी भी बहता है। कम समय तक स्नान करें एक सामान्य शॉवर में एक मिनट में दो से पांच गैलन पानी का इस्तेमाल होता है। अपने शॉवर को साबुन लगाने, धोने और धोने में लगने वाले समय तक ही सीमित रखें। पानी बचाने वाले चैनल हेड या फ्लो रिस्ट्रिक्टर लगाया गया तो हार्डवेयर या प्लंबिंग सप्लाई स्टोर में सस्ते शॉवर हेड या फ्लो रिस्ट्रिक्टर उपलब्ध हैं जो शॉवर के फ्लो को पांच से दस गैलन प्रति मिनट के बजाय लगभग तीन गैलन प्रति मिनट तक कम कर देंगे। इन्हें लगाना भी आसान है. इससे शॉवर भी साफ और तरोताजा रहेगा। स्नान करें आंशिक रूप से भरा हुआ टब,सबसे छोटे शावर को छोड़कर बाकी सभी शावरों की तुलना में कम पानी का उपयोग करता है। हर बूंद का महत्व समझें उक्त कार्यक्रम में गांव के सरपंच श्री कमलेश्वर बघेल एवं पंच, हेल्प एंड हेल्प समिति से सौरभ सिंह, युवराज तथा लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग के कोऑर्डिनेटर राजकुमार कोसले, मनोज कुमार राठौर, उत्कर्ष कावले उपस्थित रहे।



