Stock Market Outlook: इस हफ्ते कैसी रहेगी बाजार की चाल? पश्चिम एशिया संघर्ष और कच्चा तेल से तय होगी बाजार की चाल, जानिए क्या करें निवेशक?

Stock Market Outlook भारतीय शेयर बाजार पिछला हफ्ते बढ़त के साथ बंद हुआ. पिछले हफ्ते बीएसई सेंसेक्स 414.69 अंक यानी 0.53 प्रतिशत बढ़ा, जबकि एनएसई निफ्टी 178.6 अंक यानी 0.74 प्रतिशत ऊपर रहा. बाजार के जानकारों और विश्लेषकों का मानना है कि इस हफ्ते निवेशकों की राह इतनी आसान नहीं होने वाली है. आने वाले 5 कारोबारी दिन ‘अग्निपरीक्षा’ जैसे साबित हो सकते हैं, क्योंकि बाजार के सामने भू-राजनीतिक तनाव से लेकर महंगाई के आंकड़ों तक कई चुनौतियां खड़ी हैं.
स्वस्तिका इन्वेस्टमार्ट लिमिटेड के शोध प्रमुख संतोष मीणा ने कहा कि आने वाले दिनों में बाजार की दिशा मुख्य रूप से भू-राजनीतिक तनाव, कच्चे तेल की कीमतों, रुपये की चाल और विदेशी निवेशकों के रुख पर निर्भर करेगी. साथ ही चौथी तिमाही के नतीजों का अंतिम चरण शेयर भी बाजार को प्रभावित करेगा. विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों ने भी भारतीय बाजारों से निकासी जारी रखी है. इस महीने अब तक एफपीआई ने भारतीय शेयर बाजारों से 14,231 करोड़ रुपये निकाले हैं.
भू-राजनीतिक तनाव
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, इस हफ्ते शेयर बाजार की दिशा मुख्य रूप से अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते तनाव से तय होगी. एनरिचमनी के सीईओ पोनमुडी आर का मानना है कि बाजार इस समय भू-राजनीतिक घटनाओं के प्रति बहुत संवेदनशील है. यदि कच्चे तेल की कीमतें 90 डॉलर प्रति बैरल के नीचे बनी रहती हैं, तो बाजार को राहत मिल सकती है. इसके विपरीत, यदि तनाव बढ़ता है और तेल की कीमतें उछलती हैं तो सेंसेक्स और निफ्टी पर भारी दबाव देखा जा सकता है.
महंगाई के आंकड़े
इस हफ्ते भारत और अमेरिका दोनों ही देशों में महंगाई (CPI) के आंकड़े जारी होने वाले हैं. मोतीलाल ओसवाल फाइनेंशियल सर्विसेज के सिद्धार्थ खेमका ने कहा, “अप्रैल महीने के सीपीआई के आंकड़े आरबीआई की ब्याज दर नीति का संकेत देंगे, जबकि अमेरिका के सीपीआई और पीपीआई आंकड़े फेडरल रिजर्व की संभावित ब्याज दर कटौती, बॉन्ड रिटर्न और वैश्विक जोखिम को प्रभावित कर सकते हैं.” ये आंकड़े यह तय करेंगे कि फेडरल रिजर्व ब्याज दरों में कटौती कब शुरू करेगा. यदि महंगाई के आंकड़े उम्मीद से अधिक आते हैं तो बाजार के दबाव में आने की संभावना बढ़ जाएगी.
विदेशी निवेशकों रुख
बाजार के लिए सबसे बड़ी चिंता का विषय विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों (FPI) का रुख है. इस महीने अब तक विदेशी निवेशकों ने भारतीय बाजार से लगभग 14,231 करोड़ रुपये निकाल लिए हैं. अगर इस हफ्ते भी यह निकासी जारी रहती है, तो निफ्टी को निचले स्तरों पर टिके रहने में मुश्किल होगी.
कंपनियों के तिमाही नतीजे
Stock Market Outlookसेक्टर आधारित गतिविधियों के लिए कॉर्पोरेट नतीजे अहम होंगे. इस हफ्ते भारती एयरटेल, टाटा पावर, केनरा बैंक, डीएलएफ, एचपीसीएल और जेएसडब्ल्यू स्टील जैसी दिग्गज कंपनियां अपने तिमाही परिणाम घोषित करने वाली हैं. इन बड़ी कंपनियों के नतीजे न केवल उनके शेयरों की चाल तय करेंगे, बल्कि संबंधित सेक्टर्स और ओवरऑल इंडेक्स की दिशा को भी प्रभावित करेंगे



